एक सही मार्गदर्शक ने बदली राह: आदित्य कुमार सिंह ने विकास कुमार सर को किया धन्यवाद

आज के प्रतिस्पर्धी दौर में सही दिशा और मार्गदर्शन किसी भी छात्र के जीवन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है। इसी का प्रेरणादायक उदाहरण हैं आदित्य कुमार सिंह, जिन्होंने अपनी मेहनत और अपने गुरु के मार्गदर्शन से एक नई पहचान बनाई है।
आदित्य कुमार सिंह एक साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले मेहनती और लक्ष्य-केन्द्रित छात्र हैं। अपनी प्रारंभिक शिक्षा के दौरान ही उन्होंने यह समझ लिया था कि केवल पढ़ाई ही नहीं, बल्कि सही दिशा में की गई मेहनत ही सफलता दिलाती है। वे हमेशा अपने लक्ष्य को लेकर स्पष्ट रहे और लगातार खुद को बेहतर बनाने पर काम करते रहे।
आदित्य ने भावुक शब्दों में बताया कि जब वे पहली बार विकास कुमार सर से मिले, तब उनसे पूछा गया एक सरल लेकिन गहरा सवाल— “तुम्हें सिर्फ ब्रांच चाहिए या एक अच्छा कॉलेज?” — यही सवाल उनके जीवन का टर्निंग पॉइंट बन गया। इसने उनकी सोच को बदल दिया और उन्हें बड़े लक्ष्य के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने बताया कि विकास कुमार सर ने उन्हें न केवल सही दिशा दिखाई, बल्कि हर कठिन समय में मोटिवेशन और मार्गदर्शन देकर उनका आत्मविश्वास बढ़ाया। इस निरंतर सहयोग ने आदित्य को अपने लक्ष्य की ओर मजबूती से आगे बढ़ने में मदद की।
आदित्य का मानना है कि एक अच्छा मार्गदर्शक केवल पढ़ाई नहीं सिखाता, बल्कि जीवन के सही फैसले लेना भी सिखाता है। आज वे जिस मुकाम पर हैं, उसमें उनके गुरु के अनुभव और मार्गदर्शन की अहम भूमिका रही है।
दीपक की शैक्षणिक यात्रा भी प्रेरणादायक रही है — उन्होंने DAV Public School, बिक्रमगंज से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की, फिर Silicon Institute of Technology, भुवनेश्वर से आगे बढ़ते हुए अंततः IISc जैसे संस्थान तक पहुंचने का सपना साकार किया।
संदेश:
आदित्य कुमार सिंह की यह कहानी हर छात्र के लिए एक सीख है कि यदि सही समय पर सही मार्गदर्शन मिल जाए और उसके साथ मेहनत जुड़ जाए, तो सफलता निश्चित है।
👉 “सही गुरु, सही दिशा और निरंतर मेहनत—यही सफलता का असली मंत्र है।”






